Latest news
सामाजिक शिक्षा के क्षेत्र में युवाओं का प्रेरणास्रोत बन रही है-:भटका मुसाफिर किताब ਬੱਲੂਆਣਾ ਦੇ ਵਿਧਾਇਕ ਨੇ ਹਲਕੇ ਦੇ ਪਿੰਡ ਰਾਮਕੋਟ ਦਾ ਦੌਰਾ ਕਰਕੇ ਲੋਕਾਂ ਦਾ ਕੀਤਾ ਧੰਨਵਾਦ सिद्धू मूसेवाला की मौत आप सरकार की पूरी तरह नाकामी, सीएम मान और केजरीवाल का पुतला फूंका मूसेवाला हत्याकांड उत्तराखंड पुलिस ने हेमकुंड से लौट रहे 6 संदिग्‍धों को पकड़ा ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਪੰਜਾਬ ਵੱਲੋਂ ਕੀਤੀ ਗਈ ਸਿਹਤ ਮੰਤਰੀ ਦੀ ਕਾਰਵਾਈ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਕਈਆਂ ਐਮਐਲਏ ਦੇ ਹੱਥ ਪੈਰ ਫੁੱਲੇ। फाजिल्का निवासी पवन ग्रोवर व सीमा ग्रोवर की आज शादी की 25 वीं वर्षगांठ जन्मदिन की शुभकामनाएँ उत्तर कोरिया ने जापान सागर में फिर दागी मिसाइल परमाणु परीक्षण करने की जताई गई आशंका दहेज के लिए परेशान करने वाले पति पर पर्चा दर्ज 3 ऐसे फूड्स जिन्हें खाकर 119 साल तक जीवित रहीं दुनिया की सबसे बुजुर्ग महिला केन तनाका

सामाजिक शिक्षा के क्षेत्र में युवाओं का प्रेरणास्रोत बन रही है-:भटका मुसाफिर किताब

अहमदाबाद -(पंजाब वार्ता ब्यूरो)-समाज में चल रही विविधता व समय के साथ के बदलाव , उनके साथ तालमेल को लेकर एक मनोवैज्ञानिक सोच के साथ अपनी बात प्रस्तुत करना और उसे लोगों तक पहुंचाने का जिम्मा एक पुस्तक – ” भटका मुसाफिर – The journey which is Infinity ” ने लिया है। विशेषतः युवाओं को समर्पित यह पुस्तक आधुनिक जीवन शैली को अपना कर जनरेशन गैप के अंतर को समझाने में मदद करती है। 

यह किताब एक युवा का साहस है हमारे और आपके जैसे युवा जिन बातों को कहने को उत्सुक हैं या खुलकर कहना चाहते हैं उन बातों को बिल्कुल सचोट रुप से तथ्यों के साथ कहती हैं। इस किताब में 16 चेप्टर है और सभी के सभी चेप्टर अपने आप में एक कहानी को लेकर चलते हैं जो हमारे समाज , आसपास के माहोल और देश की स्थिति के इर्दगिर्द है। सिविल सर्विसेज की तैयारी करनेवालों के मन की बात कही गयी है जैसे की जब पेपर लीक हो जाता है तो उसपर और उनके साथ साथ उनके परीवार पर और समाज पर क्या असर पड़ता है। जिनका पेट भरा है जिनका भंडार भरा है सिर्फ वही लोग कहते हैं की देश में सबकुछ सही है मगर आज भी हमारे भारत में कई ऐसी जगहें या लोग हैं जो सोशल मीडिया या डिजिटलीकरण से कोसों दुर है उनकी बात कोई करना नहीं चाहता उनकी हालत के बारे में किसी को जानने में कोई रुचि नहीं । इसी तरह किताब में आगे बढ़ते हुए सरकारी नौकरी करनेवाले युवा को समाज एक सेलीब्रिटी के नजरीये से देखता है वहीं दुसरी ओर ऐसे कई बिजनेस करनेवाले पड़े हैं जो उस सरकारी मुलाजिम से कई गुना कमा कमाते हैं और जमीन से जुड़े हैं मगर उनकी कोई बात नहीं करता। जैसा की लेखक ने अपनी अकेली यात्रा के संस्मरणों से इस किताब को लिखा है तो सोच की आजादी के चरण को अच्छे से समझाया है की हम हमारे आस पास के लोग , समाज के द्वारा बना दी गई धारणा से कभी आगे बढ़ नहीं पाते जिससे हम उसी कंफर्ट जोन में रह जाते हैं और अपने आप को नया अवसर या मौका नहीं देते। अपने आप के बदलाव के लिए काफी सारी बातों को अच्छे से प्रस्तुत किया है। किताब में चेप्टर 15 आध्यात्म या प्रकृति नाम का चेप्टर है जो की आपके जीवन और आपके आस पास से जुड़े अंशत सारे सवालों के जवाब दे देता है युं कहो की इस किताब का मुल ही इस चेप्टर में है यह चेप्टर लेखक के अलग ही तरह के अनुभव और कला को प्रदर्शित करता है। लेखक ने भारत वर्ष में अकेली यात्रा करके एवं उसके अनुभवों के आधार पर इस किताब को लिखा है। लेखक मनोवैज्ञानिक रुप से युवाओं की मानसिकता को समझकर उनकी बात कहते व समझते हैं। युवाओं का प्रेरणास्रोत व उनके लिए उचित बदलाव का कार्य कर रहे हैं। बदलाव की पहल को लेकर लिखी इस पुस्तक को इतने बहेतरीन ढंग से लिखा है की इसके लिए आपको इसे एकबार जरुर पढ़ना चाहिए। अंकित स्वयं सामाजिक स्तर व ज़मीनी स्तर पर उतर कर युवाओं के लिए काम कर रहे हैं। सामाजिक दायित्व के चलते हमें भी अंकित के इन प्रयासों की सराहना करनी चाहिए। किताब एमेजॉन एवं फ्लिपकार्ट पर उपलब्ध है।

बच्चों को भविष्य में नई दिशा देने के लिए किताब को ऑनलाइन ऐमेज़ॉन(AMAZON) और फ्लिपकार्ट(FLIPCART) से ऑनलाइन खरीदने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें 👇👇👇👇👇

                                                                      https://bit.ly/3CmnHMW
59 Views
error: Content is protected !!