Latest news
एसडीएम द्वारा व्यापार मंडल व अन्य संस्थाओं तथा लोगों को कोरोना... बीजेपी और गऊशाला सेवा समिति ने 1992 में मंदिर निर्माण को लेकर ... श्री राम मंदिर भूमि पूजा करने की पूर्व संध्या और लगाए 493 पौध पर्यावरण को बचाने के लिए बहुपर्तीय वर्ष लगाए फार्मासिस्टों और दर्जा चार कर्मचारियों का धरना 47वें दिन में श... सावन माह के आखिरी सोमवार को ठंडे ठंडे सेब की मुरब्बे का भंडारा... सरकारी प्राइमरी स्कूल सुलतानपुरा (नीम वाला स्कूल) को दूसरी बार... लोगों को अलग-अलग बीमारियों से बचाने के लिए नगर कौंसिल फाजिल्का... आप पार्टी के नेताओं ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पुलिस द्वारा दर्ज क... लायंस क्लब विशाल ने वितरित की राशन की 31 किट्टें

हिस्ट्री शीटर को पकड़ने गई पुलिस टीम पर फायरिंग, डीएसपी समेत 8 पुलिसकर्मियों की मौत; 2 बदमाश भी मार गिराए गए







-पुलिस ने गुरुवार रात बिठूर थाना क्षेत्र के विकरू गांव में दबिश देने गई थी, तभी हमला हुआ

-बिठूर थाना प्रभारी समेत 7 पुलिसकर्मियों को गोली लगी, रीजेंसी हॉस्पिटल में इलाज चल रहा

कानपुर-(पंजाब वार्ता ब्यूरो)- उत्तरप्रदेश के कानपुर में गुरुवार रात एक बजे दबिश देने गई पुलिस टीम पर बदमाशों ने अंधाधुंध गोलियां चलाईं। इसमें सर्कल ऑफिसर (डीएसपी) और 3 सब इंस्पेक्टर समेत 8 पुलिसकर्मियों की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि पुलिस चौबेपुर थाना इलाके के एक गांव में हिस्ट्री शीटर विकास दुबे को पकड़ने गई थी, लेकिन उसकी गैंग ने पुलिस पर घात लगाकर छत से हमला किया और विकास दुबे फरार हो गया। बदमाश पुलिस के कई हथियार भी लूट ले गए। उधर, आईजी मोहित अग्रवाल ने बताया कि घटना के बाद एनकाउंटर में विकास दुबे के 2 साथियों को मार गिराया गया है।

डीजीपी एचसी अवस्थी ने बताया कि विकास दुबे के खिलाफ कानपुर के राहुल तिवारी ने हत्या के प्रयास का केस दर्ज कराया था। इसके बाद पुलिस उसे पकड़ने के लिए बिकरू गांव गई थी। पुलिस को रोकने के लिए बदमाशों ने पहले से ही जेसीबी वगैरह से रास्ता रोक रखा था। अचानक छत से फायरिंग शुरू कर दी गई। वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एसटीएफ की टीम को कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। पुलिस ने यूपी के सभी बॉर्डर सील कर दिए हैं।

ये पुलिसकर्मी मारे गए 

बिल्हौर के सीओ देवेंद्र कुमार, शिवराजपुर के थाना प्रभारी महेश चंद्र यादव व सब इंस्पेक्टर नेबू लाल और मंधना के चौकी इंचार्ज अनुप कुमार, कॉन्स्टेबल सुल्तान सिंह, कॉन्स्टेबल राहुल, कॉन्स्टेबल जितेंद्र और कॉन्स्टेबल बबलू की मौत हो गई है। इसके अलावा बिठूर थाना प्रभारी कौशलेंद्र प्रताप सिंह समेत 7 पुलिसकर्मियों को गोली लगी है। इनका इलाज रीजेंसी हॉस्पिटल में चल रहा है।

कड़ी होगी कार्रवाई -:एडीजी प्रशांत कुमार

एडीजी, लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार

एडीजी, लॉ एंड ऑर्डर प्रशांत कुमार ने कहा कि 7 लोग घायल हैं, इसमें से 5 पुलिसकर्मी हैं। पुलिस के हथियार गायब हैं, इसकी जांच चल रही है कि किसके पास कौन से हथियार थे। जो भी लोग इस घृणित कार्य में लिप्त थे, उन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्हें ढूंढकर कानून के सामने पेश किया जाएगा। हमने इसमें स्पेशलिस्ट टीमों को लगाया है।

कौन है विकास दुबे?

विकास उत्तरप्रदेश का कुख्यात बदमाश है। एसटीएफ ने विकास दुबे को 31 अक्टूबर 2017 को लखनऊ के कृष्णानगर क्षेत्र से विकास को गिरफ्तार किया था। कानपुर पुलिस ने उसके खिलाफ 25 हजार का इनाम घोषित कर रखा था। वह कुछ दिन पहले जेल से बाहर आया था।विकास ने 2001 में थाने में घुसकर भाजपा नेता और राज्यमंत्री संतोष शुक्ला की हत्या की थी।

विकास दुबे ने पंचायत सदस्य रहते एक सड़क का शिलान्यास भी किया था।

वह थाने में घुसकर पुलिसकर्मी समेत कई लोगों की हत्या कर चुका है। विकास पर 60 से ज्यादा मामले दर्ज हैं। वह प्रधान और जिला पंचायत सदस्य भी रह चुका है।

बदमाशों ने पुलिस को रोकने के लिए सड़क पर जेसीबी खड़ी की थी 

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, विकास को पुलिस के आने की खबर पहले ही मिल चुकी थी। इसलिए उसने अपने घर से कुछ दूर रास्ते में जेसीबी मशीन खड़ी कर दी थी। ताकि पुलिस को रोका जा सके। पुलिस की कार्रवाई के पहले ही अपराधियों ने गोलियां चला दीं। बदमाशों ने पुलिस को चारों ओर से घेर लिया था। पुलिस को ऐसे हमले की उम्मीद नहीं थी। 

115 Views


Leave a Reply

error: Content is protected !!